Monday, October 26, 2026 1 live visitors
D/DNA News D/DNA Newsddnanews.com
सोमवार, 26 अक्टूबर 2026
विज्ञापन
DDNA header banner
DDNA header banner
दस वर्षों बाद, ब्रेक्जिट का आर्थिक प्रभाव स्पष्ट हो रहा है

दस वर्षों बाद, ब्रेक्जिट का आर्थिक प्रभाव स्पष्ट हो रहा है

D
D/DNA News Desk 24 जून 2026, 11:10 IST
1 मिनट पढ़ें
दस वर्षों बाद, ब्रेक्जिट का आर्थिक प्रभाव स्पष्ट हो रहा है

लंदन, इंग्लैंड – एक दशक पहले, जब ब्रिटेन ने यूरोपीय संघ (EU) से बाहर निकलने का फैसला किया था, तब अर्थशास्त्रियों के बीच इस कदम के आर्थिक प्रभावों को लेकर गहरी बहस हुई थी। कई विशेषज्ञों ने चेतावनी दी थी कि ब्रेक्जिट से ब्रिटेन की अर्थव्यवस्था को दीर्घकालिक नुकसान होगा। अब, दस साल बाद, हम यह समझ सकते हैं कि इस निर्णय का आर्थिक असर कितना गहरा और व्यापक रहा है।

ब्रेक्जिट से पहले, ब्रिटेन EU के साथ मुक्त व्यापार और श्रम आवागमन के बाच एक मजबूत रिश्ते का हिस्सा था। विश्वसनीयता और निवेश आकर्षण के लिए यह एक बड़ी वजह मानी जाती थी। परंतु, 2016 में EU से बाहर निकलने के फैसले के बाद, कई उद्योगों खासकर ऑटोमोबाइल, कृषि, और वित्तीय सेवाओं ने चुनौतियों का सामना किया। व्यापारी और निवेशक अनिश्चितता के कारण पहले निवेश रोकने लगे, जिससे आर्थिक विकास प्रभावित हुआ।

ब्रेक्जिट के आर्थिक प्रभावों का विश्लेषण करने पर पता चला है कि ब्रिटेन की GDP वृद्धि दर पिछले दस वर्षों में अपेक्षाकृत धीमी रही है। कई अनुसंधान और रिपोर्टों में यह भी दिखाया गया है कि व्यापार लागत में वृद्धि हुई है, क्योंकि अब ब्रिटेन और यूरोपीय देशों के बीच नए सीमा शुल्क और नियामकीय प्रक्रियाएं लागू हुई हैं। इसका सीधा असर निर्यात-आयात पर पड़ा है।

वहीं, श्रमिकों की कमी भी एक गंभीर समस्या बनकर उभरी है। EU से आने वाली मजदूरी और विशेषज्ञों की संख्या में कमी ने कृषि, स्वास्थ्य सेवा और निर्माण क्षेत्रों को प्रभावित किया है। यह कमी कार्यबल की उत्पादकता और औद्योगिक क्षमता पर असर डाल रही है।

हालांकि, ब्रिटेन सरकार ने व्यापारिक अवसरों में विविधता लाने का प्रयास किया है और अन्य वैश्विक व्यापार समझौतों की ओर कदम बढ़ाए हैं। लेकिन विशेषज्ञों का मानना है कि EU के साथ गहरे आर्थिक संबंधों की तुलना में उनके विकल्प अधिक सीमित और चुनौतीपूर्ण हैं।

आखिरकार, दस साल बाद भी ब्रेक्जिट का आर्थिक प्रभाव मिश्रित है। कुछ क्षेत्रों को नुकसान हुआ है जबकि कुछ क्षेत्रों में नई संभावनाएं उभर रही हैं। किन्तु यह तथ्य अनदेखा नहीं किया जा सकता कि इस फैसले से ब्रिटेन की आर्थिक स्थिरता और विकास मार्ग पर दीर्घकालिक प्रभाव पड़ा है। भविष्य में यह देखना होगा कि कैसे ब्रिटेन इस बदलाव के साथ तालमेल बैठाकर अपनी अर्थव्यवस्था को मजबूती प्रदान करता है।

Source

यह खबर शेयर करें

टिप्पणियाँ

इस खबर पर सबसे पहले अपनी टिप्पणी करें।

संबंधित खबरें

--:--
ईरान युद्ध अपडेट: ट्रम्प ने ईरान हमलों को तेज करने पर कैबिनेट के साथ की बैठकJENPAS UG परिणाम 2026 घोषित, wbjeeb.nic.in पर उपलब्ध; Rank Card डाउनलोड करें, काउंसलिंग शेड्यूल जल्द घोषित होगाबर्मिंघम फीनिक्स ने एडगबास्टन में ट्रेंट रॉकेट्स को पछाड़ाजेम्स ज़ी ने अपने बेटे होने का दावा करने वाले व्यक्ति की गॉडमदर से $119,000 वापस लेने की कोशिश कीअमेरिका ने व्यापार भागीदारों पर नई टैरिफ लहर लागू कीऑस्मानिया विश्वविद्यालय ने मई 2026 के यूजी CBCS नियमित और बैकलॉग परीक्षाओं के परिणाम घोषित किए; यहां से डाउनलोड करेंसीए प्रमुख ग्रीनबर्ग भारत में इंग्लैंड-ऑस्ट्रेलिया टेस्ट को लेकर ‘खुले’‘जन नायक’ ने बॉक्स ऑफिस पर किया जोरदार आगाज