Monday, October 26, 2026 1 live visitors
D/DNA News D/DNA Newsddnanews.com
सोमवार, 26 अक्टूबर 2026
विज्ञापन
DDNA header banner
DDNA header banner
एक गर्भवती माताओं के बूस्टर शॉट से नवजात शिशु को कई बीमारियों से बचाने का तरीका

एक गर्भवती माताओं के बूस्टर शॉट से नवजात शिशु को कई बीमारियों से बचाने का तरीका

D
D/DNA News Desk 28 अप्रैल 2026, 00:11 IST
1 मिनट पढ़ें
एक गर्भवती माताओं के बूस्टर शॉट से नवजात शिशु को कई बीमारियों से बचाने का तरीका

नई दिल्ली, भारत – गर्भवती महिलाओं के लिए टीकाकरण से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी आज स्वास्थ्य विशेषज्ञों द्वारा साझा की गई है। विशेषज्ञों का मानना है कि टीडीएपी वैक्सीन, कोविड-19 और फ्लू के टीके, साथ ही आरएसवी (रिस्पिरेटरी सिंकिटी पॉल्मोनिया वायरस) का टीका गर्भवती माताओं के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं ताकि वे और उनके नन्हें बच्चे बीमारियों से सुरक्षित रह सकें।

टीडीएपी टीका जो टेटनस, डिप्थीरिया और काली खांसी से सुरक्षा प्रदान करता है, गर्भावस्था के दौरान लेना महत्वपूर्ण माना जाता है। डॉ. सीमा वालिया, एक प्रसूति एवं स्त्री रोग विशेषज्ञ, बताती हैं कि “इस टीके से नवजात शिशु को काली खांसी जैसी गंभीर बीमारी से बचाने में मदद मिलती है, क्योंकि बच्चे जन्म के बाद तुरंत टीके के संपर्क में नहीं आते।”

कोविड-19 और फ्लू के टीके भी गर्भवती महिलाओं की सुरक्षा के लिए अत्यंत आवश्यक हैं। यह टीके मां की प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत करते हैं, जिससे संक्रमण का खतरा कम होता है और बच्चे को जन्म के बाद संक्रमण से सुरक्षा मिलती है। विशेषज्ञों के अनुसार, कोविड-19 व फ्लू का टीका गर्भावस्था में सुरक्षित है और इससे होने वाले लाभ किसी भी संभावित जोखिम से कहीं अधिक हैं।

वर्तमान में, RSV वायरस को लेकर भी जागरूकता बढ़ रही है, जो शिशुओं समेत सभी उम्र के लोगों के लिए खतरनाक साबित हो सकता है। इसके लिए नया RSV वैक्सीन गर्भवती महिलाओं को दिया जाता है ताकि गर्भकालीन संक्रमण से बचाव हो सके और बच्चा जन्म के बाद भी सुरक्षित रहे।

महिला एवं बाल स्वास्थ्य संगठन के प्रतिनिधि, डॉ. अरुणा मेहता के अनुसार, “गर्भवती महिलाएं अपने चिकित्सकों से टीकाकरण के बारे में खुलकर चर्चा करें और उपयुक्त वैक्सीन्स समय पर लगवाएं। यह केवल उनकी ही रक्षा नहीं करता, बल्कि बच्चों के जीवन को भी संवारने में मदद करता है।”

भारत सरकार और स्वास्थ्य मंत्रालय भी गर्भवती महिलाओं में टीकाकरण को लेकर जागरूकता अभियान चला रहे हैं। ये टीकाकरण माताओं और नवजात शिशुओं की स्वास्थ्य सुरक्षा के लिहाज से एक महत्वपूर्ण कदम है।

अंततः, गर्भवती महिलाओं को चाहिए कि वे अपने स्वास्थ्य सेवा प्रदाताओं से मिलें और टीकाकरण संबंधी सभी शंकाओं को स्पष्ट करें। समय पर वैक्सीन लगवाने से न केवल जटिलताओं को रोका जा सकता है, बल्कि एक स्वस्थ और सुरक्षित नवजात की आधारशिला भी मजबूत होती है।

Source

यह खबर शेयर करें

टिप्पणियाँ

इस खबर पर सबसे पहले अपनी टिप्पणी करें।

संबंधित खबरें

--:--
ईरान युद्ध अपडेट: ट्रम्प ने ईरान हमलों को तेज करने पर कैबिनेट के साथ की बैठकJENPAS UG परिणाम 2026 घोषित, wbjeeb.nic.in पर उपलब्ध; Rank Card डाउनलोड करें, काउंसलिंग शेड्यूल जल्द घोषित होगाबर्मिंघम फीनिक्स ने एडगबास्टन में ट्रेंट रॉकेट्स को पछाड़ाजेम्स ज़ी ने अपने बेटे होने का दावा करने वाले व्यक्ति की गॉडमदर से $119,000 वापस लेने की कोशिश कीअमेरिका ने व्यापार भागीदारों पर नई टैरिफ लहर लागू कीऑस्मानिया विश्वविद्यालय ने मई 2026 के यूजी CBCS नियमित और बैकलॉग परीक्षाओं के परिणाम घोषित किए; यहां से डाउनलोड करेंसीए प्रमुख ग्रीनबर्ग भारत में इंग्लैंड-ऑस्ट्रेलिया टेस्ट को लेकर ‘खुले’‘जन नायक’ ने बॉक्स ऑफिस पर किया जोरदार आगाज